छत्तीसगढ़ के रायपुर शहर के उरला इलाके की, जहां संगीता फ्यूल्स पेट्रोल पंप पर 19 फरवरी 2026 को शाम करीब 7:40 बजे एक बड़ा हादसा होने से बाल-बाल बच गया। दो लड़के बाइक पर आए थे पेट्रोल भरवाने – एक का नाम इमरान कुरैशी था जो बाइक पर बैठा रहा, और दूसरा धरमेंद्र सिंह क्षत्रिय जो पीछे की सीट पर था।
जैसे ही कर्मचारी ने टैंक में पेट्रोल डालना शुरू किया, धरमेंद्र ने सिगरेट निकाल कर लाइटर से जलाने की कोशिश की। पंप के स्टाफ ने उसे रोका कि यहां धूम्रपान की अनुमति नहीं है, सुरक्षा के लिए। लेकिन ये लड़का गुस्से में आ गया और उसने लाइटर से सीधे फ्यूल नोजल पाइप को आग लगा दी। इससे नोजल के साथ बाइक की टैंक में भी लपटें उठ गईं, और वहां अफरा-तफरी मच गई – लोग भागते हुए CCTV में दिखे।
यहां देखो ये छवि जो हादसे को कैद करती है:
शुक्र है कि पेट्रोल पंप का स्टाफ सतर्क था – उन्होंने तुरंत फ्यूल सप्लाई बंद कर दी और फायर एक्सटिंग्विशर से आग बुझा दी। अगर ऐसा नहीं होता तो बड़ा विस्फोट हो सकता था, और कई जानें खतरे में पड़ जातीं। ये सब 19 फरवरी 2026 को रायपुर के उरला इलाके में हुआ, और पुलिस ने दोनों आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। केस धारा 326, 287, और 125 बीएनएस के तहत दर्ज हुआ है, और बाइक तथा लाइटर जब्त कर लिए गए हैं।
दोस्तों, ये रायपुर पेट्रोल पंप आग हादसा हमें याद दिलाता है कि सुरक्षा नियमों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। पेट्रोल पंप जैसी जगह पर सिगरेट या लाइटर इस्तेमाल करना बिलकुल खतरनाक है। 19 फरवरी 2026 को उरला रायपुर में ये हादसा सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, लोग कह रहे हैं कि ऐसे गैरजिम्मेदार लोगों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए।
सब लोग, सुरक्षा को प्राथमिकता दो, गुस्सा नियंत्रित करो, नहीं तो छोटी गलती से बड़ी तबाही हो सकती है। क्या तुमने ऐसा कुछ अनुभव किया है? नीचे बताओ।
